Quiz banner

Meritorious students did not get laptops for four years, now land border law is stuck in laptop purchase | चार साल से नहीं मिले मेधावी छात्रों को लैपटॉप, लैपटॉप खरीद में अब लैंड बॉर्डर लॉ का पेच फंसा

Himachal Pradesh
0 0
Read Time:2 Minute, 58 Second


शिमलाएक घंटा पहले

  • कॉपी लिंक
लैपटॉप की खरीद के लिए कंपनी का चयन कर लिया गया था, लेकिन यह कंपनी हिमाचल में रजिस्टर नहीं है।- फाइल फोटो - Dainik Bhaskar

लैपटॉप की खरीद के लिए कंपनी का चयन कर लिया गया था, लेकिन यह कंपनी हिमाचल में रजिस्टर नहीं है।- फाइल फोटो

प्रदेश के सरकारी स्कूलों के मेधावियों काे दिए जाने वाले लैपटॉप का मामला लंबा खींचता जा रहा है। लैपटॉप खरीद मामले में अब एक नया पेंच फंस गया है। मामला लैंड बार्डर लॉ के कारण बीच में लटक गया है। लैपटॉप की खरीद के लिए कंपनी का चयन कर लिया गया था, लेकिन यह कंपनी हिमाचल में रजिस्टर नहीं है।

ऐसे में इसमें लैंड बार्डर लॉ के नियम आड़े आ रहें हैं। कंपनी बेशक बाहर की है लेकिन वह देश में अपने प्रॉडक्ट तैयार कर रही है लेकिन प्रदेश में बिना पंजीकरण के सरकार बाहर की कंपनी से यह लैपटॉप नहीं खरीद सकती है इसलिए अब यह मामला केबिनेट को भेजने का फैसला लिया गया है।

प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक कॉरपोरेशन ने बीते दिनों कॉरपोरेशन ने लैपटॉप के लिए टेंडर किए थे। इस प्रक्रिया में चार कंपनियों ने भाग लिया। दो कंपनियां नियम और शर्तें तो पूरा करती थी, लेकिन लैंड बार्डर लॉ के कारण यह मामला बीच में अटक गया है। बीते 4 वर्षों से पात्र विद्यार्थी लैपटॉप का इंतजार कर रहे हैं। प्रदेश में अभी शैक्षणिक सत्र 2018-19 और 2019-20 के दसवीं, बाहरवीं और स्नातक स्तर के 20 हजार छात्रों विद्यार्थियों को यह लैपटॉप दिए जाने हैं। इनमें से जो बच्चे पासआउट हो गए हैं, उन्हें भी लैपटॉप दिए जाएंगे।

कई बार रद्द हुए टेंडर
कोरोना महामारी के दौरान भी यह प्रक्रिया रूकी रही। इस साल विभाग ने इलेक्ट्रॉनिक कॉर्पोरेशन को यह जिम्मा सौंपा है और इसके लिए 50 करोड़ से ज्यादा की राशि भी कॉर्पोरेशन के पास जमा करवा दी गई है, लेकिन अब फिर यह मामला नए पेंच में उलझ गया है। शिक्षा सचिव राजीव शर्मा ने माना की लैंड बाॅर्डर एरिया के मसले की वजह से विभाग अपने स्तर पर कंपनी से लैपटॉप नहीं खरीद पा रही है। इस इश्यू काे उलझाने के लिए मामले काे कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा।

खबरें और भी हैं…



Source link

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %

Average Rating

5 Star
0%
4 Star
0%
3 Star
0%
2 Star
0%
1 Star
0%

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *